मन स्थिर हो तो कठिन परिस्थितियां भी हार जाएंगी: ब्रह्माकुमार सूरज भाई…
धैर्य, शुभभावना और श्रेष्ठ चिंतन से जीवन में आएगा सुकून, सकारात्मक बदलाव का दिया संदेश

भिलाई, 13 अगस्त 2026। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय एवं राजयोगा एजुकेशन एंड रिसर्च फाउंडेशन के साइंटिस्ट एंड इंजीनियर्स विंग द्वारा संचालित पर्यावरण संरक्षण एवं आपदा प्रबंधन राष्ट्रीय अभियान के अंतर्गत भिलाई की विभिन्न औद्योगिक, शैक्षणिक एवं सुरक्षा इकाइयों में ‘कार्य एवं व्यक्तिगत जीवन में संतुलन’ विषय पर विशेष संगोष्ठियों का आयोजन किया गया।

संगोष्ठियों को संबोधित करते हुए मुख्य वक्ता एवं वरिष्ठ राजयोग शिक्षिकाओं बीके अंजलि, बीके प्राची एवं बीके तारीका दीदी ने कहा कि जिस स्थान पर व्यक्ति प्रतिदिन 8 से 12 घंटे कार्य करता है, वह केवल नौकरी करने की जगह नहीं, बल्कि सृजन, सीखने और व्यक्तित्व निर्माण का भी महत्वपूर्ण केंद्र है। इसलिए कार्यस्थल पर सहकर्मियों के प्रति अपनत्व, सम्मान और सहयोग की भावना रखना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि किसी कर्मचारी की भूमिका या पद चाहे जो भी हो, उसके साथ सम्मानजनक व्यवहार होना चाहिए। कार्यस्थल का वातावरण सौहार्दपूर्ण, प्रेरणादायी और तनावमुक्त बनाने की जिम्मेदारी केवल प्रबंधन की नहीं, बल्कि वहां कार्य करने वाले प्रत्येक व्यक्ति की है।
वक्ताओं ने कहा कि जीवन में सकारात्मक बदलाव केवल परिस्थितियां बदलने से नहीं आता, बल्कि दृष्टिकोण में बदलाव से संभव होता है। उन्होंने ‘स्व-प्रबंधन ही तनाव प्रबंधन’ का संदेश देते हुए अधिकारियों एवं कर्मचारियों से व्यक्तिगत जीवन, परिवार, मानसिक शांति और आत्मिक संतुलन को प्राथमिकता देने का आह्वान किया। इसके लिए राजयोग और सकारात्मक चिंतन को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने पर जोर दिया गया।

औद्योगिक इकाइयों से सुरक्षा संस्थानों तक पहुंचा अभियान
राष्ट्रीय अभियान के अंतर्गत जागरूकता कार्यक्रम भिलाई इस्पात संयंत्र के प्लेट मिल, एसएमएस-2 एवं कोक ओवन, एनएसपीसीएल, सीआईएसएफ थर्ड बटालियन उतई तथा भिलाई के विभिन्न सेवा केंद्रों में आयोजित किए गए।

इन कार्यक्रमों में एनएसपीसीएल के ईडी नील कुमार शर्मा, भिलाई इस्पात संयंत्र के ईडी पवन कुमार और दुर्ग ग्रामीण विधायक ललित चंद्राकर सहित विभिन्न संस्थानों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
संगोष्ठियों के दौरान प्रतिभागियों ने कार्य और निजी जीवन के बीच बेहतर सामंजस्य स्थापित करने, सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने तथा स्वस्थ कार्यसंस्कृति को बढ़ावा देने के सुझावों को अपने व्यवहार में शामिल करने का संकल्प लिया।

छत्तीसगढ़-मध्य प्रदेश में जागरूकता की पहल
पर्यावरण संरक्षण एवं आपदा प्रबंधन राष्ट्रीय अभियान का शुभारंभ छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित शांति सरोवर रिट्रीट सेंटर में राज्यपाल रमन डेका द्वारा किया गया था। अभियान के माध्यम से छत्तीसगढ़ एवं मध्य प्रदेश की विभिन्न औद्योगिक, शैक्षणिक और संस्थागत इकाइयों तक पहुंचकर संगोष्ठियों एवं जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है।

अभियान का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, आपदा प्रबंधन, तनावमुक्त जीवनशैली और बेहतर कार्यप्रणाली के प्रति जागरूकता बढ़ाना है, ताकि संस्थानों में सुरक्षित, संतुलित और सकारात्मक वातावरण को मजबूत किया जा सके।




