सेक्टर-7 में सार्वजनिक दशहरा पर्व का 31वां आयोजन भव्यता के साथ संपन्न, मार्स द बैंड की प्रस्तुतियों ने बांधा समां…
भक्ति, संगीत और आतिशबाजी के बीच संपन्न हुआ भव्य दशहरा उत्सव

भिलाई नगर। युवा खेल एवं सांस्कृतिक मंडल, भिलाई के तत्वावधान में आयोजित सार्वजनिक दशहरा पर्व-2026 का 31वां आयोजन मंगलवार, 20 अक्टूबर को सेक्टर-7 हाई स्कूल दशहरा मैदान में हर्षोल्लास और भव्यता के साथ संपन्न हुआ। लगभग 60 हजार रामभक्तों की उपस्थिति में रावण दहन किया गया। भक्ति, संगीत और रंग-बिरंगी आतिशबाजी से सजे इस आयोजन ने उपस्थित नागरिकों को उत्सव की यादगार अनुभूति प्रदान की।

असत्य पर सत्य, अधर्म पर धर्म और अहंकार पर मर्यादा की विजय के प्रतीक रावण दहन के दौरान पूरा मैदान जय श्रीराम के जयघोष से गूंज उठा। विशाल जनसमूह ने उत्साह और श्रद्धा के साथ विजयादशमी का पर्व मनाया।
40 मिनट तक हुई आतिशबाजी ने मोहा मन
दशहरा उत्सव का प्रमुख आकर्षण आंध्र प्रदेश के काकीनाडा से लाई गई आतिशबाजी और इलेक्ट्रॉनिक आतिशबाजी का प्रदर्शन रहा। लगभग 40 मिनट तक लगातार चले इस शानदार प्रदर्शन ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

आसमान में उभरती रंग-बिरंगी रोशनी, आकर्षक आतिशी आकृतियों और लगातार बदलते प्रकाश दृश्यों ने पूरे वातावरण को उत्सवमय बना दिया। आतिशबाजी देखने के लिए मैदान में मौजूद लोगों में खासा उत्साह नजर आया।
मार्स द बैंड के गीतों पर झूमे श्रोता
कार्यक्रम में मार्स द बैंड की संगीत प्रस्तुतियां भी आकर्षण का केंद्र रहीं। बैंड के कलाकारों ने एक से बढ़कर एक सुमधुर गीत प्रस्तुत कर श्रोताओं को रसविभोर कर दिया। गायन और वाद्ययंत्रों की शानदार संगत ने कार्यक्रम में संगीत का रंग भर दिया।
रामभक्ति, मनोरंजन और उत्सव के उल्लास से सराबोर माहौल में दर्शक संगीत प्रस्तुतियों का आनंद लेते नजर आए। रावण दहन और आतिशबाजी के साथ संगीत कार्यक्रम ने दशहरा उत्सव को यादगार बना दिया।
अतिथियों की उपस्थिति में हुआ आयोजन
सार्वजनिक दशहरा पर्व में मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष प्रेम प्रकाश पाण्डेय, दुर्ग ग्रामीण विधायक ललित चंद्राकर और वैशाली नगर विधायक रिकेश सेन उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथियों में भारतीय जनता पार्टी के भिलाई जिलाध्यक्ष पुरुषोत्तम देवांगन तथा केडिया ग्रुप के आरण्य केडिया शामिल हुए।

कार्यक्रम की शुरुआत में आयोजन के संयोजक चन्ना केशवलू ने स्वागत उद्बोधन दिया। इसके बाद आयोजन समिति के अध्यक्ष प्रेमचंद देवांगन ने अध्यक्षीय उद्बोधन प्रस्तुत किया।
अतिथि संबोधन के क्रम में पुरुषोत्तम देवांगन, रिकेश सेन, ललित चंद्राकर और अंत में प्रेम प्रकाश पाण्डेय ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित किया। कार्यक्रम के समापन पर सार्वजनिक दशहरा पर्व के कोषाध्यक्ष शैलेन्द्र सिंह ने धन्यवाद ज्ञापन किया।
आयोजन समिति के सामूहिक प्रयासों से सफल हुआ कार्यक्रम
सार्वजनिक दशहरा पर्व के 31वें आयोजन को सफल बनाने में आयोजन समिति के सदस्यों और सहयोगियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम की तैयारियों से लेकर व्यवस्थाओं के संचालन और समापन तक सदस्यों ने अलग-अलग जिम्मेदारियां संभालीं।
आयोजन समिति ने बताया कि सामने रहकर व्यवस्थाएं संभालने वाले सदस्यों के साथ पर्दे के पीछे लगातार कार्य करने वाले सहयोगियों का योगदान भी महत्वपूर्ण रहा। सभी के समन्वय, मेहनत और समर्पण से विशाल जनसमूह की उपस्थिति में कार्यक्रम संपन्न हुआ।
आयोजन की सफलता में जी. अमर, राजनारायण सिंह, एम. इम्मानुएल, प्रसाद राव, प्रकाश राव, कृपानंदन राव, अभय प्रसाद, उज्ज्वल तिवारी, जोगेंद्र कुमार, रमेश कुहिकर, एस. अर्शद हुसैन, सुदीप धर दीवान, संतोष सिंह, रविन्द्र सिंह, जे.पी. राजू, प्रीतम साहू, नीलेश पाहुजा, डी. मरिया दास, ब्रह्मा नायडू, बी. तुलसी राव, जी.एस. कुमार, कमलनाथ रवि, अलोक सरावगी, भूपेंद्र, के.सी. केशवलू, आर. प्रसंगी, शैलेन्द्र श्रीवास्तव, टी. शंकर, वेंकटेश, मदन राय, राहुल उचाडिया, ब्रजेश उचाडिया, अजय साहू, शिवा कुमार, एस. प्रदीप, लाल बाबू महतो, सौरव गांगुली, आनंद मिश्रा, विशाल साहू, आदित्य गावले, हेमांशु साहू, आर. राजा, सागर नेताम, डी. दीपक, आदित्य मिश्रा, अभय ठाकुर, रमेश पाटिल, एन. हेमंत राव, उदित तांडी और बी. पदमनाभन का सराहनीय योगदान रहा।
समिति ने शासन-प्रशासन और नागरिकों के प्रति जताया आभार
युवा खेल एवं सांस्कृतिक मंडल, भिलाई ने आयोजन की सफलता के लिए शासन, प्रशासन, पुलिस विभाग, भिलाई इस्पात संयंत्र और भिलाई सहित आसपास के क्षेत्र के नागरिकों के प्रति आभार व्यक्त किया।
समिति ने आयोजन में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग देने वाली संस्थाओं, सेवा प्रदाताओं, कार्यकर्ताओं और शुभचिंतकों के योगदान की भी सराहना की। समिति के अनुसार, नागरिकों का विश्वास, सहयोगियों का समर्पण और सामूहिक सहभागिता ही सार्वजनिक दशहरा पर्व की सबसे बड़ी ताकत है।
इस तरह सार्वजनिक दशहरा पर्व का 31वां वर्ष भक्ति, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, भव्य आतिशबाजी और रावण दहन के साथ संपन्न हुआ। लगभग 60 हजार लोगों की उपस्थिति ने आयोजन को भिलाई के प्रमुख सार्वजनिक उत्सवों में एक यादगार स्वरूप प्रदान किया।




