जिला चिकित्सालय में मनाया गया डेंगू नियंत्रण दिवस मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने दी डेंगू से बचाव की सलाह…

रीवा/ डेंगू मच्छर जनित बीमारी है। डेंगू से बचाव के लिए गत दिवस जिला चिकित्सालय में डेंगू नियंत्रण दिवस मनाया गया। कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. यत्नेश त्रिपाठी ने कहा कि छोटी-छोटी सावधानी बरतकर डेंगू से बचाव किया जा सकता है। डेंगू रोग एडीज प्रजाति के मच्छर के काटने से होती है। यह मच्छर साफ पानी में प्रजनन करता है।
कूलर, पुराने टायर, पानी की टंकियां, पालीथिन, खुले में रखे अनुपयोगी बर्तन, गमले, मटके आदि में डेंगू के मच्छर पनपते हैं। इससे बचाव के लिए घरों के आसपास पानी जमा न होने दें। पुराने बर्तनों, टायरों, गमलों आदि में भी पानी का संग्रहण न होने दें। मटके, पानी की टंकियों आदि की नियमित साफ-सफाई करते रहें।
सोते समय मच्छरदानी का उपयोग करें। यदि बुखार आता है तो खून की जाँच कराकर डॉक्टर की सलाह के अनुसार उचित उपचार कराएं। स्वास्थ्य विभाग रीवा शहर में नगर निगम के सहयोग से घरों और कार्यालयों में लगातार निरीक्षण करके कूलर तथा अनुपयोगी बर्तनों में जमा पानी की जाँच कर रहा है। किसी भी स्थान पर डेंगू मच्छर के लार्वा पाए जाने पर जुर्माने की कार्यवाही की जाएगी।
कार्यक्रम में डॉ. केबी गौतम तथा स्वास्थ्य अधिकारी नगर निगम मुरारी कुमार ने डेंगू के बचाव के लिए किए जा रहे उपायों की जानकारी दी। कार्यक्रम के बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने डेंगू जागरूकता रथ को हरी झण्डी दिखाकर भ्रमण के लिए रवाना किया।
संपूर्ण खबरों के लिए क्लिक करे




