सांसद बोले- दारू पीयो, गुटखा खाओ…:चाहो तो थिनर सूंघो, पर पानी का टैक्स जरूर दो…

रीवा / भाजपा सांसद ने पानी का महत्व समझाते-समझाते मादक पदार्थों के सेवन की छूट दे दी। बोले- कोई भी नशा करो, लेकिन सभी खर्चों में कटौती करके जल कर जरूर देना चाहिए। हमें पानी की उपयोगिता समझनी होगी।
मध्यप्रदेश के रीवा से BJP सांसद जनार्दन मिश्र एक बार फिर सुर्खियों में हैं। सांसद ने कहा- बिजली बिल माफ हो सकता है। मुफ्त में राशन भी ले लो। सरकारें चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे कर देती हैं, अगर कोई मुफ्त में पानी की बात करे, तो नहीं मानना।
सांसद जनार्दन यहीं पर नहीं रुके। उन्होंने आगे कहा- चाहे दारू पीयो, गुटखा खाओ, आयोडेक्स खाओ और चाहे थिनर सूंघो, लेकिन पानी के लिए टैक्स देना पड़ेगा। सभी खर्चों में कटौती करके सभी को जल कर देना चाहिए। सांसद रविवार को जल जीवन मिशन के तहत हुई जल संरक्षण एवं संवर्धन कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। कार्यशाला का आयोजन स्वास्थ्य यांत्रिकी ने कराया था।
कहा- पानी की उपयोगिता समझनी होगी
सांसद मिश्र ने कहा- कोई सरकार कहे कि पानी का टैक्स माफ करेंगे, लेकिन हमको पानी का टैक्स देना है, क्योंकि जलस्तर तेजी से नीचे जा रहा है। ऐसे में पानी की उपयोगिता समझनी होगी। नदी-नाले सब सूख रहे हैं। धरती में पानी नहीं बचा है। वाटर लेवल घट रहा है। हम लोग पानी की फिजूलखर्ची कर रहे हैं।
हर व्यक्ति को घर में साफ पीने का पानी मिले। इसके लिए सरकार ने ‘हर घर जल’ योजना बनाई है। इसमें सहयोग करना चाहिए। जल समितियों का गठन कर वाटर टैक्स का भुगतान करना चाहिए, तभी योजना सफल हो पाएगी।
रीवा जिले का जलस्तर
रीवा में नदी और नहर से जुड़े क्षेत्रों में औसतन 200 से 300 फीट के आसपास जलस्तर रहता है। पहाड़ी क्षेत्रों में 400 से 600 फीट तक जलस्तर पहुंच जाता है। तराई अंचल के साथ मऊगंज और हनुमना जनपद के कई क्षेत्रों में गर्मी के समय जल संकट गहरा जाता है। ऐसे में बाणसागर का जल पूरे जिले में पहुंचाने के लिए ‘हर घर जल’ योजना चल रही है।
नहरों का बिछ रहा जाल
रीवा जिले के चारों क्षेत्रों में नहरों का जाल बिछ रहा है। बाणसागर के पानी से पहले बिजली बनाई जाती है, फिर किसानों के खेतों को पानी की सप्लाई दी जाती है। वर्तमान समय में तीन बड़ी परियोजनाएं चल रही हैं। पहली पूर्वा नहर परियोजना, दूसरी त्योंथर अंडर ग्राउंड नहर परियोजना, तीसरी बहुती टनल परियोजना है। तीनों परियोजनाएं औसतन 550-550 करोड़ की हैं। यहां पांच-पांच किलोमीटर के दो पहाड़ों को काटकर रीवा जिले तक पानी पहुंचाया जा रहा है।
क्या है ‘हर घर जल’ योजना?
‘हर घर जल’ केंद्र सरकार की योजना है। वित्त मंत्री ने 2019 के केंद्रीय बजट में इस योजना की घोषणा की थी। योजना को तब से राज्यों के साथ साझेदारी में लागू किया जा रहा है। ‘जल जीवन मिशन’ के तहत ‘हर घर जल’ योजना का उद्देश्य ग्रामीण भारत के सभी घरों में 2024 तक घरेलू नल कनेक्शन के जरिए पीने का पानी उपलब्ध कराना है। इस योजना में हर कनेक्शन पर करीब 100 रुपए टैक्स लिया जाना है।
9 महीने पहले कहा था, गंदगी फैलाने वालों को फांसी दी जाए
सांसद जनार्दन मिश्रा ने 9 महीने पहले कहा था- सरकार और स्वच्छता के काम में बाधा डालने वालों को फांसी दे देनी चाहिए। ऐसे लोगों को जिंदा रहने का अधिकार नहीं है। वे इंदौर में गोबर धन CNG प्लांट के वर्चुअल कार्यक्रम के बाद रीवा नगर निगम के पीएम आवास के हितग्राहियों को मकानों की चाबी वितरण कार्यक्रम में शामिल हुए थे। हितग्राहियों को प्रधानमंत्री आवास की चाबी सौंपते हुए मिश्रा ने कहा- अकेले नगर निगम, सरकार, सांसद या विधायक के भरोसे स्वच्छता नहीं हो सकती। कुछ दिन पहले रीवा में डस्टबिन जला दिए गए। यह घटना दुर्भाग्यपूर्ण है।
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