हेल्‍थ

Dementia Prevention: डायबिटीज से याददाश्त हो रही कमजोर? केवल 20 मिनट में ऐसे तेज होगी मेमोरी

Diabetes Increases Risk Of Strokes: आज के दौर में डायबिटीज एक कॉमन समस्या बन गई है. बड़ी संख्या में युवा भी डायबिटीज का शिकार हो रहे हैं. इस बीमारी में लोगों के शरीर में इंसुलिन बनना कम हो जाता है या शरीर उसका सही उपयोग नहीं कर पाता. इस वजह से ब्लड शुगर लेवल बढ़ जाता है और डायबिटीज की समस्या हो जाती है.

इंसुलिन ऐसा हार्मोन है, जो ब्लड शुगर को कंट्रोल करने के लिए जरूरी है. डायबिटीज की वजह से आपका ब्रेन बुरी तरह प्रभावित होता है. इसकी वजह से कम उम्र में लोग डिमेंशिया और अल्जाइमर जैसी बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं. डायबिटीज और डिमेंशिया का क्या लिंक है? इस बारे में जान लीजिए.

जानें डायबिटीज और डिमेंशिया का कनेक्शन

टाइप 2 डायबिटीज से जूझ रहे लोगों को डिमेंशिया होने का खतरा अन्य लोगों की अपेक्षा दोगुना होता है. अब तक कई रिसर्च में यह बात सामने आ चुकी है. नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ एजिंग की एक रिपोर्ट के मुताबिक कम उम्र के लोगों में डायबिटीज की वजह से डिमेंशिया का खतरा बढ़ जाता है.

आमतौर पर डिमेंशिया 70 साल या इससे अधिक उम्र के लोगों को होने वाली बीमारी है, जिसमें लोगों की याददाश्त बहुत कमजोर हो जाती है और वह अपनी दैनिक जरूरतों की चीजें भूल जाते हैं.

एक हालिया स्टडी में यह बात सामने आई है कि टाइप 2 डायबिटीज वाले 65 से 70 साल के उम्र के लोगों को डिमेंशिया का खतरा 24% ज्यादा होता है. इसके अलावा प्री-डायबिटीज वाले लोगों को इसका खतरा नहीं होता.

डायबिटीज के मरीज डिमेंशिया से ऐसे करें बचाव
डायबिटीज के मरीज अगर कुछ हेल्दी आदतों और लाइफस्टाइल को अपनाएं तो डिमेंशिया का खतरा काफी हद तक कम किया जा सकता है. हेल्थलाइन की रिपोर्ट के मुताबिक एक हालिया स्टडी में इन अच्छी आदतों के बारे में बताया गया है. इन पर एक नजर डाल लेते हैं-
– स्मोकिंग तुरंत छोड़ने से फायदा मिलेगा
– एल्कोहल का सेवन कम करना चाहिए
– हर सप्ताह 2.5 घंटे एक्सरसाइज करें
– हर दिन 7 से 9 घंटे की पर्याप्त नींद लें
– फल, सब्जियों से भरपूर डाइट लेनी चाहिए
– प्रतिदिन फिजिकली एक्टिव रहना जरूरी है
– घर से बाहर निकले और लोगों से मिलें

Related Articles

Leave a Reply

Back to top button