दुर्गं में जीई रोड में बीआईटी के पास अवैध होर्डिंग्स पर निगम ने की बड़ी कार्रवाई: 16 बड़े अवैध होंडिंग पर चलाया बुल्डोजर

– कार्यवाही के पूर्व विज्ञापन एजेंसियों को दिया गया था नोटिस और समझाइश
– होर्डिँग्स के कारण लगातार हो रही है दुर्घटनाएं,लगना चाहिए इस पर रोक
दुर्गं। नगर पालिक निगम ने आज नगर में बड़ी कार्यवाही करते हुए जीई रोड में बीआईटी के पास अवैध होर्डिंग्स पर कार्यवाही करते हुए 16 होर्डिँग्स पर बुलडोजर चला दिया। कार्यवाही के पूर्व विज्ञापन एजेंसियों को नोटिस ओैर समझाईश दी गई थी लेकिन कोई जवाब नही दिये जाने के बाद निगम ने आयुक्त हरेश मंडावी के निर्देश पर बाजार विभाग,अतिक्रमण विभाग व उडऩदस्ता अमला आज बुलडोजर चलाने की कार्यवाही कर दी।
आयुक्त हरेश मंडावी द्वारा राजस्व व बाजार विभाग की समीक्षा के दौरान नोडल अधिकारी प्रकाशचंद थावनी को निर्देश दिया गया था कि शहर में बीआईटी कॉलेज से लेकर मिनी माता चौक तक जितने भी अवैध होंडिंग लगे हुए है उसको हटाने का कार्य करें इसको ध्यान में रखते हुए अमले ने जी ई रोड बीआईटी कॉलेज सड़क किनारे बड़े एवं छोटे अवैध होंडिंग को हटाने की कार्रवाही की गई। इस मौके पर अतिक्रमण विभाग अधिकारी दुर्गेश गुप्ता, उडऩदस्ता अधिकारी शिव शर्मा,बाजार प्रभारी अधिकारी थानसिंग यादव,सहायक प्रभारी ईश्वर वर्मा, शशिकांत यादव,भुवान दास साहू,दीपक निषाद,राजेश दग्गर,मन्नी मन्हारे, के अलावा अमला मौजूद थे।
आयुक्त हरेश मंडावी के सख्त निर्देश पर अमले ने जी.ई रोड पर स्थापित अवैध होंडिंग को हटाया गया। जी.ई रोड पूर्व में दीपक जैन को होंडिंग लगाने हेतु निगम द्वारा अधिकृत किया गया था। समयाविधि पूर्ण हो जाने पर उन्हें उक्त होंडिंग हटाने के लिए नोटिस दिया गया व समय समय पर दूरभाष द्वारा होंडिंग हटाने की समझाइश भी दिया गया था सम्बंधित एजेंसी द्वारा निगम को अनदेखी करने के कारण निगम ने एक्शन लिया। अवैध होंडिंग हटाने की कार्यवाही लगातार जारी रहेगी।
अधिकारियों की मिलीभगत से शहर में लगे है अवैध होर्डिंग्स
निगम अधिकारियों के मिलीभगत से शहर में करीब 40 प्रतिशत होर्डिंग्स अवैध है, शहर में जितना होर्डिंग्स लगाने की अनुमति एड एजेंसियों द्वारा लिया गया है उससे लगभग डबल होर्डिंग्स अवैध रूप से लगाकर निगम के राजस्व का भी बड़ा हानि हो रहा है। निगम ने कुछ अवैध होर्डिंग्स पर कार्यवाही तो की है लेकिन देखना यह है कि इस मामले में वह कितना ईमानदारी दिखाती है और पूरे अवैध होर्डिंग्स पर बुलडोजर चलाती है या कुछ होर्डिंग्स पर कार्यवाही कर खानापूर्ति कर अपनी इतिश्री कर लेती है।
महापौर धीरज बाकलीवाल और निगम आयुक्त हरीश मंडावी को चाहिए कि वे इसकी बारीकी से जांच करवाये तो उनको स्वयं ही पता चल जायेगा कि किस किस एड एजेंसी ने कितने होर्डिँग लगाने का परमिशन लिये है और शहर में उनकी कीतनी होर्डिंग्स लगी है, खुद ब खुद पता चल जायेगा कि निगम को इस मिलीभगत के कारण कितना राजस्व का नुकसान हो रहा है।
होर्डिँग्स के कारण हो रही है लगातार दुर्घटनाएं, लगनी चाहिए इसपर रोक
शहर मे ंइन दिनो जहां भी जाओं और कुछ दिखे चाहे ना दिखे होर्डिँग्स ही होर्डिंग्स दिखाई दे रहे है। जिस तरह जगह जगह कुकुमुत्ते नजर आते है उसी तरह आजकल शहर ही नही बल्कि आउटर में भी खाली होर्डिंग ही होर्डिंग नजर आ रहे है। एड एजेंसियां पांच होर्डिग्स का परमीशन लेकर उसके आड़ में 10 होर्डिंग्स लगाने का कार्य कर रहे है, इसमें निगम के अधिकारियों व कर्मचारियों की मिलीभगत रहती है।
इन होर्डिंग्स के कारण प्रतिदिन दुर्घटनाएं हो रही है। होर्डिँग्स में ऐसे ऐसे अद्र्धनग्रता वाले एवं आपत्तिजनक फ्लैक्स लगे रह रहे हैं कि युवाओं सहित अन्य लोगों का ध्यान उधर जाता है और उसके देखने के चक्कर में आवागमन करने वाले लोग दुघर््ाटना कर बैठते है या स्वयं दुर्घटनाग्रस्त हो जाते है।
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